पंजाब में बनेगी कांग्रेस की सरकार, आम आदमी पार्टी का ग्राफ गिरा

अगले साल 2017 में पंजाब के विधानसभा चुनाव होने है। सभी पार्टियां जोर शोर से इसकी तैयारियों में लग चुकी है। वर्तमान में अकाली-भाजपा सरकार जनता का विश्वास कायम रखने की भरपूर कोशिश कर रही है लेकिन उससे Anti-Incumbency का सामना करना पड़ रहा है। आम आदमी पार्टी ने अपने उम्मीदवार भी घोषित करने शुरू कर दिए है। वहीं कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष तथा अमृतसर से सांसद कैप्टेन अमरिंदर सिंह ने प्रचार पूरे जोर शोर से शुरू कर दिया है और जनता से सीधा संवाद कर रहे है। अन्य दल भी मैदान में कूद चुके है। भूतपूर्व क्रिकेटर सिधु ने अभी अपने पत्ते नहीं खोले है। अगर उनका दल अकेले चुनाव लड़ने का फैसला करता है तो ऐसे में मुकाबला चौतरफा हो जाएगा और कोई भी नतीजा संभव है। 

इसी बीच ट्विटर पर एक हैंडल @CMOhryShadow ने जनता की राय जानने के लिए एक पोल शुरू किया। इसमें जनता से पुछा गया कि उनके अनुसार पंजाब में सबसे ज्यादा सीट जीतकर पहले स्थान पर कौन सी पार्टी रहेगी। इसमें जनता को चार विकल्प दिए गए, अकाली-भाजपा, आम आदमी पार्टी, कांग्रेस तथा अन्य। ये पोल 2 दिन तक चला तथा इसमें एक हज़ार से ज्यादा लोगों ने हिस्सा लिया। 

पोल खत्म होने पर बेहद चौकाने वाला नतीजा सामने आया, जिसमे जनता ने अकाली-भाजपा गठबंधन को सिरे से नकार दिया। अपनी जीत का लगातार दावा करने वाली आम आदमी पार्टी को कांग्रेस ने पछाड़ दिया। 53% जनता का मानना था कि कांग्रेस पहले स्थान पर रहेगी, जिससे ये भी साबित होता नज़र आ रहा है कि कांग्रेस अपने दम पर सरकार भी बना लेगी। 


हाल ही में कई मुद्दों पर आलोचना का शिकार हुई आम आदमी पार्टी का ग्राफ काफी तेज़ी से नीचे आया है। और ठीक इसके विपरीत कैप्टेन अमरिंदर सिंह कांग्रेस को दौड़ में सबसे आगे ले निकले है। ज्ञात रहे कि चुनाव में अब केवल 3-4 महीने बचें है, ऐसे में किसी भी पार्टी की लोकप्रियता गिरना उसे दौड़ से बाहर ही कर देगा। नतीज़े जो भी हो, फिलहाल तो पंजाब में अमरिंदर ही कप्तान बनते नज़र आ रहे है। 

उत्तर प्रदेश कांग्रेस से जुड़े 6 लाख नए कार्यकर्त्ता

कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी और कांग्रेस के रणनीतिकार प्रशांत किशोर की मेहनत का असर दिखने लगा है। पिछले एक साल में उत्तर प्रदेश कांग्रेस से 6 लाख से ज्यादा नए कार्यकर्ता पार्टी से जुड़ गए हैं। एक सूत्र के मुताबिक, कांग्रेस में कार्यकर्ताओं की बढ़ती संख्या के पीछे पार्टी के रणनीतिकार प्रशांत किशोर का असर काम कर रहा है।


जब प्रशांत किशोर को कांग्रेस पार्टी ने जिम्मेदारी सौंपी तो उन्होंने सबसे पहले कांग्रेस नेताओं से राज्य के 75 जिलों में करीब 1.2 लाख बूथों के लिए बूथ लेवल कमिटी बनाने के लिए कहा जोकि एक बड़ा मेहनत वाला काम था।

पार्टी को यूपी की 405 विधानसभा सीटों के टिकट के लिए 7,000 से ज्यादा आवेदन प्राप्त हुए हैं। पार्टी ने सभी उम्मीदवारों से अपनी योग्यता साबित करने के लिए पार्टी में नए कार्यकर्ताओं को शामिल करने के लिए कहा है।

कांग्रेस के एक नेता ने कहा, हालात इतने खराब हो गए थे कि हम लगभग हर जिले में अपने कार्यकर्ता खोते जा रहे थे। अब फिर से कांग्रेस का जनाधार मजबूत हो रहा है।

Source : NBT

दीपेंद्र हुड्डा ने BJP सरकार पर जमकर साधा निशाना 

भाजपा सरकार प्रदेश में विकास के नाम पर कोई काम नहीं कर रही है और भेदभाव बरत रही है। अपनी विफलताओं से ध्यान हटाने के लिए सरकारी राजीव गांधी केंद्रों के नाम बदल रही है। उक्त विचार रोहतक के सांसद चौ. दीपेंद्र सिंह हुड्डा ने सोमवार देर सायं को रेवाड़ी में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता व मार्कीट कमेटी के पूर्व चेयरमैन राजेंद्र सिंह ठेकेदार के निवास पर व्यक्त किए। हुड्डा ठेकेदार के युवा पुत्र के आकस्मिक निधन पर शोक व्यक्त करने के बाद पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। इससे पूर्व वे नगर की नई अनाज मंडी में बाजरा खरीद का जायजा लेने भी गए।

दीपेंद्र हुड्डा ने कहा कि भाजपा सरकार प्रदेश के साथ-साथ क्षेत्र के लोगों के साथ भी भेदभाव कर रही है। रेवाड़ी के कोसली क्षेत्र में जहां पर पहले 3 न्यायालय होते थे, अब घटाकर केवल 1 न्यायालय कर दिया गया है। कांगे्रस शासनकाल में पास किए गए सड़कों की दशा अब तक नहीं सुधरी है। भाजपा की सरकार तो अब तक कांग्रेस के शासनकाल में हुए कार्यों का उद्घाटन कर रही है। प्रदेश के किसी भी गांव की ग्राम पंचायत में कोई ग्रांट नहीं आ रही है और विकास के नाम पर सब कुछ ठप्प पड़ा है। 

कांग्रेस के समय में राजीव गांधी के नाम से बनाए गए स्टेडियम व अन्य केन्द्रों के भाजपा नाम बदल रही है। इससे पूर्व दीपेंद्र हुड्डा ने कोसली मीडिया सेंटर में भी पत्रकारों से बात की और सैंटर हेतु 2 लाख रुपए देने की घोषणा की। 

Source : Punjab Kesari

हरियाणा कांग्रेस अध्यक्ष पद के लिए दीपेंद्र हुड्डा जनता की पहली पसंद

हाल ही में ट्विटर पर हुए एक online पोल पर रोहतक से सांसद, दीपेंद्र हुड्डा, प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष पद के लिए जनता की पहली पसंद बन कर उभरे है। 
इस पोल में जनता से अगले हरियाणा कांग्रेस अध्यक्ष पद के लिए राय मांगी गयी थी। जिसमे जनता को 4 विकल्प में से एक को चुनना था। वो चार विकल्प थे कुलदीप बिश्नोई, दीपेंद्र हुड्डा, अशोक तंवर तथा रणदीप सुरजेवाला। 

2 दिन तक चले इस ओपिनियन पोल में 2400 से अधिक लोगों ने हिस्सा लिया। 34% वोट पा कर दीपेंद्र हुड्डा पहले तथा 33% वोट पा कर वर्तमान अध्यक्ष अशोक तंवर दुसरे स्थान पर रहे। ये opinion पोल HaryanaNewsLine ने चलाया था। 

सरकार के खिलाफ हुड्डा ने भरी हुंकार

सैंकड़ों किसानों ने लिया रोष मार्च में हुड्डा के नेतृत्व में हिस्सा


अंबाला सिटी में शुक्रवार को पहले जनसभा और फिर किसानों संग डीसी कार्यालय तक रोष मार्च निकालकर पूर्व मुख्यमंत्री हुड्डा ने सरकार के खिलाफ अपनी हुंकार भरी है। जनसभा में पूर्व सीएम ने खट्टर सरकार को निशाने पर रखा और प्रदेश में किसानों के मुद्दों को फिलहाल अपने इस संघर्ष का मुख्य मुद्दा बनाया। 

उन्होंने कहा कि अब वे पूरे प्रदेश में किसानों के हितों के लिए खुलकर सरकार से लड़ेंगे और किसानों के लिए संघर्ष कर उन्हें उनका पूरा हक दिलवाने का प्रयास करेंगे। उसके साथ पूर्व मंत्री निर्मल सिंह, पूर्व मंत्री फूलचंद मुलाना व नगर परिषद के पूर्व चेयरमैन हरीश सासन भी अपने समर्थकों के साथ मुख्य रूप से उपस्थित रहे। जनसभा के बाद हुड्डा ने किसानों का नेतृत्व करते हुए डीसी कार्यालय तक रोष मार्च निकाला और फिर डीसी को सरकार के नाम ज्ञापन सौंपकर किसानों की समस्याओं पर ध्यान देने और उन्हें उनका हक देने की मांग की।

हुड्डा बोले, किसान विरोधी सरकार है भाजपा


पूर्व मुख्यमंत्री हुड्डा ने जिला सचिवालय के सामने एकत्र किसानों से कहा कि ये वीरों की धरती है, क्योंकि अंबाला से ही देश के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम का बिगुल बजा था। आज हरियाणा में भाजपा की जो किसान विरोधी सरकार है उसके विरुद्ध संघर्ष में भी अंबाला के किसान अग्रणी भूमिका निभाने की जिम्मेवारी लें। हुड्डा ने प्रधान मंत्री फसल बीमा योजना का बिंदुवार ब्योरा देते हुए उसकी खामियां गिनवाईं और इसे वापस लेने की मांग की।

हुड्डा सरकार ने दी सालाना 11.5 हज़ार नौकरियां, खट्टर सरकार ने केवल 1500

​निवेश के मामले में भी भाजपा सरकार पिछड़ी

प्रदेश में नये उद्योग स्थापित करवाने और लोगों को रोजगार मुहैया करवाने में मौजूदा भाजपा की खट्टर सरकार पूर्व की हुड्डा सरकार के मुकाबले काफी पीछे चल रही है । पूर्व की सरकार ने सालाना औसतन 11 हजार लोगों के लिए रोजगार का प्रबंध किया वहीं मौजूदा सरकार के करीब 2 वषों के कार्यकाल में मात्र 3025 लोगों को ही रोजगार मिला है । यानी औसतन 1512 लेंगे को हर वर्ष उद्योगों से रोजगार मिला । आरटीआई के तहत मांगी गई जानकारी से इसका खुलासा हुआ है। 

निवेश के मामले में भी हुड्डा सरकार खट्टर सरकार के मुकाबले कहीं बेहतर साबित हुई। मार्च में गुडगाँव में हैपेनिंग हरियाणा का कार्यक्रम होने के बावजूद भी प्रदेश में उद्योग-धंधो ने गति नहीं पकड़ी। भाजपा सरकार के देश विदेश की कंपनियों से निवेश के समझौते भी सिरे नही चढ़े। 

Source : Dainik Tribune

सिरसा नगर परिषद् में इनेलो का गढ़ ढहा

पहले स्थान पर सत्ताधारी भाजपा (15 सीट), दुसरे पर हलोपा (6 सीट), तीसरे पर कांग्रेस (5 सीट), 3 निर्दलीय तथा केवल 2 सीट के साथ इनेलो आखरी स्थान पर रही ।

सिरसा नगर परिषद, तोशाम और छछरोली की गाम पंचायतों व पंचों की 268 रिक्त सीटों, छह सरपंचों और ब्लाक समिति सदस्य की एक सीट पर चुनाव रविवार को छिटपुट घटना को छोड़ शांतिपूर्ण संपन्न हो गए । सिरसा के 31 वार्डों में 68 फीसदी मतदान हुआ । मतदान के तुरंत बाद हुई मतगणना के नतीजे आने के साथ ही भाजपाइयों में खुशी की लहर दौड़ गई । सिरसा में नप में पहली बार इनेलो के किले को ध्वस्त कर भाजपा बहुमत के करीब पहुंची। यहाँ पार्टी ने सिबल पर चुनाव लड़ा था,जबकि अन्य पार्टियां बगैर सिंबल के चुनाव मैदान में उतरी। भाजपा ने 15 बाडों में जीत हासिल की, वहीं 5 वार्डों में कांग्रेस, छह में हलोपा, दो में इनेलो समर्थक व तीन निर्दलीय प्रत्याशी जीते। नगर परिषद बोर्ड में इनेलो का एकछत्र राज रहा है, लेकिन इस बार दो सीटो पर ही सिमटकर रही गई।

Source : Amar Ujala